आधुनिक भारत 1.1 भारतीय राज्यों का पुनर्गठन




आधुनिक भारत  1.1  भारतीय राज्यों का पुनर्गठन








भारतीय राज्यों का पुनर्गठन ( Reorganisation of Indian States)

1.1 राज्य पुनर्गठन के सम्बन्ध में गठित धर आयोग : 1948


1.2 राज्य पुनर्गठन के सम्बन्ध में गठित जे. वी. पी. समिति : 1948-49


1.3 राज्य पुनर्गठन आयोग 1956


1.4 1947 से 2014 तक राज्यों का बदलता स्वरुप


1.5 क्षेत्रीय परिषद्


1.6 वर्तमान में नए राज्यों की मांग


राज्यों के पुनर्गठन
से जुड़ी महत्‍वपूर्ण जानकारी और तथ्‍य

धर
आयोग

( Dar Commission): 1948

             भाषा के आधार पर राज्यों का पुनर्गठन उचित है या नहीं, इसकी जांच के लिए संविधान सभा के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद ने इलाहाबाद
उच्च न्यायालय के अवकाशप्राप्त न्यायाधीश एस. के. धर की अध्यक्षता में 1948 में
चार सदस्यीय आयोग की नियुक्ति की. इस आयोग ने राष्ट्रीय एकता को खतरा एवं प्रशासन
को भारी असुविधा का तर्क देकर भाषा के आधार पर राज्यों का पुनर्गठन का विरोध किया
और प्रशासनिक सुविधा के आधार पर राज्यों के पुनर्गठन का समर्थन किया.

जे.वी.पी.
समिति (
J.V.P.
Committee): 1948-49

             धर आयोग के निर्णयों की परीक्षा करने की लिए कांग्रेस कार्य समिति ने अपने
जयपुर अधिवेशन में जवाहरलाल नेहरू
, बल्लभ भाई पटेल और
पट्टाभि सीतारमैय्या की एक समिति का गठन
 (दिसंबर-1948) किया. इस समिति ने भाषाई आधार पर राज्यों के पुनर्गठन की मांग को खारिज
कर दिया. ( इस समिति ने कहा की यदि आँध्रप्रदेश की मांग करने वाले मद्रास शहर की
मांग ना करें तो आंध्र प्रदेश का गठन किया जा सकता है )
          
नेहरू पटेल एवं सीतारमैय्या (जे. वी. पी. समिति) समिति की रिपोर्ट (अप्रैल 1949) के बाद मद्रास राज्य के
तेलगु-भाषियों नें पोटी श्री रामुल्लू के नेतृत्व में 19 अक्टूबर 1952 को आंदोलन
प्रारम्भ हुआ. 58 दिन के आमरण अनशन के बाद 15 दिसंबर
, 1952
ई० को रामुल्लू की मृत्यु हो गई.
          
रामुल्लू की मृत्यु के 3 दिन बाद प्रधानमंत्री नेहरू ने
तेलगुभाषियों के लिए पृथक आंध्र प्रदेश (बिना मद्रास शहर) के गठन की घोषणा कर दी.
          
1 अक्टूबर, 1953 ई० को आंध्र प्रदेश
राज्य का गठन हो गया. यह राज्य स्वतन्त्र भारत में भाषा के आधार पर गठित होने वाला
पहला राज्य था. मद्रास प्रान्त के शेष क्षेत्र को तमिल-भाषी राज्य के रूप में रखा
गया
 , 1969 में इसका नाम तमिलनाडु कर दिया गया.

राज्य
पुनर्गठन आयोग (
State
Reorganisation Commission): 1956

             राज्य पुनर्गठन अयोग के अध्यक्ष फजल अली थे; इसके
अन्य सदस्य प० हृदयनाथ कुंजरू और सरदार के एम. पणिक्कर थे.
राज्य
पुनर्गठन अधिनियम
 1 नवम्बर 1956 ई० में पास किया गया. इसके अनुसार भारत में 14 राज्य एवं 6
केंद्र शासित प्रदेश स्थापित किए गए. ये थे-

राज्य
(
State)

1.
आँध्रप्रदेश
2.
असम
3.
बिहार
4.
बम्बई
5.
जम्मू-कश्मीर
6.
केरल
7.
मध्यप्रदेश
8.
मद्रास
9.
मैसूर
10.
उड़ीसा
11.
पंजाब
12.
राजस्थान
13.
उत्तरप्रदेश
14.
पश्चिम बंगाल

संघ
राज्य क्षेत्र (
 UT
)

1.
अंडमान निकोबार द्वीप समूह
2.
दिल्ली
3.
हिमाचल प्रदेश
4.
लक्कादीव
,मिनिकॉय तथा अमिनदीवी द्वीपसमूह
(लक्ष्यद्वीप का 1973 से पूर्व का नाम)
5.
मणिपुर
6.
त्रिपुरा

प्रमुख
घटनाक्रम:

1. नवंबर, 1954 ई० को
फ्रांस की सरकार ने अपनी सभी बस्तियां पांडिचेरी
, यनाम, चंद्रनगर और केरिकल को भारत को सौंप दिया; 28
मई 1956 ई० को इस संबंध में संधि पर हस्ताक्षर हो गए. इसके बाद इन सभी को मिला कर
 'पांडिचेरी संघ राज्य क्षेत्र' का गठन किया गया.
2. भारत सरकार ने 18 दिसंबर, 1961 ई० को गोवा, दमन द्वीप की मुक्ति के लिए
पुर्तगालियों के विरुद्ध कार्रवाई की और उन पर पूर्ण अधिकार कर लिया. बारहवें
संविधान संशोधन द्वारा गोवा
, दमन और द्वीप को प्रथम
परिशिष्ट में शामिल करके अभिन्न अंग बना दिया गया.
3. 1 मई, 1960 ई० को
मराठी एवं गुजराती भाषियों के बीच संघर्ष के कारण बम्बई राज्य का बंटवारा करके
महाराष्ट्र एवं गुजरात नामक दो राज्यों की स्थापना की गई.
4. नागा आंदोलन के कारण असम को विभाजित करके 1
दिसंबर
, 1063 ई० में नागालैंड को अलग राज्य बनाया गया.
5. 1 नवंबर,1966 ई० में
पंजाब को विभाजित करके (पंजाबी भाषा) एवं हरियाणा (हिंदी भाषी) दो राज्य बना दिए
गए.
6.  25 जनवरी, 1971
ई० को हिमाचल प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा दिया गया.
7. 21 जनवरी, 1972 ई०
मणिपुर
, त्रिपुरा एवं मेघालय को पूर्ण राज्य का दर्जा
दिया गया.
8. 26 अप्रैल,1975 ई० सिक्किम
भारत का 22वां राज्य बना.
9. 20 फरवरी, 1987 ई०
में मिजोरम एवं अरुणाचल प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा दिया गया.
10. 30 मई, 1987 ई० में गोवा को 25वां राज्य का
दर्जा दिया गया.
11. 1 नवंबर 2000 को छत्तीसगढ़ 26वां राज्य, 9 नवंबर
2000 में उत्तरांचल (अब उत्तराखंड) 27वां राज्य
, 15
नवंबर 2000 को झारखंड 28वां राज्य और 02 जून 2014 को तेलंगाना को भारत का 29वां
राज्‍य बनाया गया.
12. वर्तमान समय में भारत में 29 राज्य और 7
केंद्र शासित प्रदेश हैं.

क्षेत्रीय
परिषद:
भारत में पांच क्षेत्रीय परिषद हैं. इनका गठन राष्ट्रपति के
द्वारा किया जाता है और केंद्रीय गृहमंत्री या राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत केंद्रीय
मंत्री क्षेत्रीय परिषद का अध्यक्ष होता है. संबंधित राज्यों के मुख्यमंत्री
उपाध्यक्ष होते हैं
, जो प्रतिवर्ष बदलते रहते हैं.
भारत में गठित कुल 5 क्षेत्रीय परिषदों पर सम्मिलित राज्यों
के नाम इस प्रकार हैं:
 

(
i) उत्तरी क्षेत्रीय परिषद: पंजाब, हरियाण, राजस्थान, जम्मू कश्मीर, हिमांचल प्रदेश राज्य तथा चंडीगढ़
एवं दिल्ली संघ राज्य क्षेत्र.
 

(
ii) मध्य क्षेत्रीय परिषद: उत्तर
प्रदेश
, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड
एवं छत्तीसगढ़.

(
iii) पूर्वी क्षेत्रीय परिषद: बिहार, पश्चिम बंगाल, उड़ीसा, झारखंड, असम, सिक्किम, मणिपुर, त्रिपुरा, मेघालय, नागालैंड, अरुणांचल
प्रदेश तथा मिजोरम.

(
iv) पश्चिम क्षेत्रीय परिषद: गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा राज्य, दमन दीव एवं दादर तथा नागर हवेली
संघ राज्य क्षेत्र.
 

(
v) दक्षिणी क्षेत्रीय परिषद: आंध्र प्रदेश, केरल, कर्नाटक एवं तमिलनाडु राज्य एवं पुदुचेरी संघ राज्य क्षेत्र.



नए राज्‍यों का गठन वर्ष

राज्‍य

गठन वर्ष

आंध्र प्रदेश

1953

महाराष्‍ट्र

1960

गुजरात

1960

नागालैंड

1963

हरियाणा

1966

हिमाचल प्रदेश

1971

मेघालय

1972

मणिपुर, त्रिपुरा

1972

सिक्किम

1975

मिजोरम

1987

छत्तीसगढ़, उत्तराखंड एवं झारखंड

2000

तलंगाना

2014



































































































































Download our android app on Google play store at 
https://play.google.com/store/apps/de...

Follow us on twitter https://twitter.com/yesucan9

like our page on facebook https://www.facebook.com/yesUcan.educ...

for more details log on to http://yesucan.in

Popular posts from this blog

9 अगस्त विशेष : भारत छोड़ो आन्दोलन (Quit India Movement)